खेल मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू के एक सार्वजनिक बयान को लेकर प्रदेश महिला कांग्रेस ने कड़ा विरोध दर्ज कराया। महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला के नेतृत्व में बड़ी संख्या में महिलाएं डालनवाला थाने पहुंचीं और प्राथमिकी दर्ज करने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गईं।

प्रदर्शन के दौरान दिन में पुलिस ने कुछ कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन भेज दिया, लेकिन उन्हें छोड़ने के बाद वे दोबारा थाने पहुंच गए। शाम ढलने के बाद भी महिलाएं थाने के बाहर डटी रहीं और एफआईआर दर्ज करने की मांग पर अड़ी रहीं। देर रात पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत भी धरना स्थल पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया।

ज्योति रौतेला ने कहा कि मंत्री के पति द्वारा सार्वजनिक मंच से दिया गया बयान बेहद आपत्तिजनक और महिलाओं के सम्मान के खिलाफ है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में दो जनवरी को डालनवाला थाने में शिकायत दी गई थी, लेकिन अब तक पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की। महिला कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि जब तक कानूनी कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

रात के समय एसपी सिटी प्रमोद कुमार थाने पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से मुलाकात कर उनका मांगपत्र लिया। उन्होंने मामले में उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया, जिसके बाद धरना समाप्त किया गया।

इस संबंध में डालनवाला थाने के प्रभारी निरीक्षक संतोष कुंवर ने बताया कि कांग्रेस नेताओं की ओर से पहले ही एक प्रार्थनापत्र दिया जा चुका है। मामला अल्मोड़ा जनपद से जुड़ा होने के कारण शिकायत को वहां भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदर्शन के दौरान महिलाओं को तीन बार पुलिस लाइन छोड़ा गया, लेकिन वे हर बार दोबारा थाने पहुंच गईं।